{"product_id":"mauritius-ka-itihas","title":"Mauritius Ka Itihas","description":"\u003cp\u003eसन् 1921 ईसवी में पं. आत्माराम विश्वनाथ द्वारा लिखा गया 'मोरिशस का इतिहास' मोरिशस के भारतीयों का प्रथम हिन्दी ग्रन्थ है। इसमें स्थानीय भारवंशियों के सतासी वर्ष के सामाजिक सांस्कृतिक संघर्ष का सुन्दर सर्वेक्षण किया गया है। लेखक महोदय ने इसमें देश की भौगोलिक तथा ऐतिहासिक जानकारियाँ तो दी ही हैं, इसके साथ साथ उन्होंने कोई ढाई सौ पृष्ठों में मोरिशस के विभिन्न पहलुओं पर एक दर्जन से ऊपर सारगर्भित निबंध लिखे हैं। इस दृष्टि से यह ग्रन्थ मोरिशस का आदि साहित्यिक ग्रन्थ भी माना जाता है। इसमें 'क्रियोलों का काव्य' 'किस्से कहानियाँ' तथा 'भारतीयों का नवजागरण' आदि शीर्षकों के अन्तर्गत लेखक ने उपयुक्त सामग्री दी है।\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eअतः इस ऐतिहासिक ग्रन्थ में मोरिशस द्वीप के तत्कालीन भारतवंशियों की सटीक जानकारियाँ दी गई हैं। इसके अतिरिक्त पं. आत्माराम ने इस ग्रन्थ में माहे दे लाबूर्वोने, आदोल्फ दे प्लेवित्स और मणिलाल डाक्टर के राजनीतिक कार्यों का समुचित विवरण पेश किया है। मोरिशस की भौगोलिक स्थिति, देश की मिली जुली संस्कृति, विभिन्न सामाजिक गतिविधियों का तत्कालीन चित्रण भी इस ग्रन्थ में उपलब्ध होता है। ग्रन्थ के परिशिष्ट में इतिहासकार महोदय ने देश के बहुजातीय समाज के चुने हुए व्यक्तियों का संक्षिप्त परिचय देकर अपने उदार दृष्टिकोण का परिचय दिया है।\u003c\/p\u003e","brand":"Atma Ram and Sons","offers":[{"title":"Default Title","offer_id":46182251462846,"sku":null,"price":796.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0658\/2154\/0542\/files\/morsis.jpg?v=1770025961","url":"https:\/\/atmarambooks.com\/products\/mauritius-ka-itihas","provider":"Atma Ram and Sons","version":"1.0","type":"link"}