Bhartiya Jal Thal Vayu Sena Ke Mukhya Parakram
Bhartiya Jal Thal Vayu Sena Ke Mukhya Parakram
Vimla Devi
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3 दिसंबर, 1971 को जब पाकिस्तान वायु सेना ने भारत के अनेक एयर फील्ड पर हमला किया तभी एडमिरल एस. एम. नंदा का संदेश युद्ध के बारे में उपरोक्त अधिकारियों को मिला। संदेश में कहा गया था- मुझे नेवी के सभी ऑफिसर, सेलर्स तथा सिविलियन से आशा है कि वे अपने कर्तव्य का सही पालन करते हुए, भारतीय नेवी की परंपरा को कायम रखेंगे। हमें कोई भी बलिदान करने के लिए राष्ट्र सेवा में तत्पर रहना है। हमें अपने कार्य काल के इतिहास में एक गौरवपूर्ण इतिहास लिखना है। 2 राजपूताना राइफल्स के कैप्टन विजयंत थापर ने अपने पिता को पत्र लिखा, "जब तक आपको यह पत्र मिलेगा तब तक शायद मैं न रहूँ, लेकिन मैं स्वर्ग से आप सब लोगों को अप्सराओं के साथ हमेशा देखता रहूँगा, मुझे कोई दुख नहीं। वास्तव में अगर मुझे पुनर्जन्म मिले तो भी मैं भारतीय सेना की सेवा कर राष्ट्र के प्रति निछावर रहूँगा।" यह पत्र आक्रमण से एक घंटा पूर्व लिखा गया था।
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Product Details
Language
Language
- HIN- Hindi
ISBN
ISBN
9788119086238
Binding
Binding
Hard Cover
Age Group
Age Group
- Adults
No. of pages
No. of pages
184
Book Dimension
Book Dimension
22.5 cm x 15 cm x 1.7 cm
Item Weight
Item Weight
480 grams
