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Madhya Purv Mein Taanashahon Ka Ant

Madhya Purv Mein Taanashahon Ka Ant

Dr. Virendra Singh Baghel

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ट्यूनीशिया के आंदोलन की बुनियाद में एक ऐसा बेरोजगार नौजवान था जिसने अपनी आगाज बुलंद करने की गरज से सब्जी बेचना शुरु कर दिया था। वह मात्र 26 वर्ष का सब्जी-विक्रेता था। लोग उसे मुहम्मद अबू अजीजी के नाम से जानते थे। वह ग्रेजएट था लेकिन नौकरी य रोजगार न हासिल कर पाने के बाद उसने पुराने शहर के गुंजान आबादी वाले इलाके सदी बोजैद रोड पर सब्जी की रेड़ी लगानी शुरु कर दी। लेकिन एक दिन पुलिस ने उसका चालान कर दिय। इस संबंध में उसने ग्रेजुएट होने का हवाला देकर थाने में चालानकर्ता पुलिस वाले के विरुद्ध रिपोर्ट लिखने की बात की तो वे सब हँसने लगे। यही नहीं, पुलिस ने उसे अपमानित करते हुए उसके कई थप्पड़ भी मारे। बेरोजगार, हताश और निराश मुहम्मद अबू अजीजी ने इसे अपना अपमान समझा और 17 दिसबंर,2010 को उसने एक सरकारी इमारत के सामने खुद को आग लगा दी। इस घटना ने बेरोजगार नौजवानों को लामबंद कर दिया और वे सड़कों पर उतर आए। इससे स्थिति काफी बेकाबू हो गई तो वहाँ सदर जैनुल अबिदीन बिन अली, अबू अजीजी को देखने के लिए उस अस्पताल पहुँचे जहाँ वह ज़िंदगी और मौत से जूझ रहा था। 18 वें दिन उसकी अस्पताल में मृत्यु हो गई । यह एक ऐसी खबर थी जिसने 10 दिनों तक जैनुल-अबिदीन को अपने आक्रोश के निशाने पर रखा और फिर अंतत: अदाम ने उनसे उनकी गद्दी छीन ली और उन्हें छोड़कर सऊदी अरब भाग जाना पड़ा। यह पुस्तक अत्यंत सरल भाषा में लिखी गई है।

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Regular price INR. 476
Regular price INR. 595 Sale price INR. 476
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Product Details

Language

  • HIN- Hindi

ISBN

9789395960977

Binding

Hard Cover

Age Group

  • Adults
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