Military Leader Mao Tse Tung
Military Leader Mao Tse Tung
R. P. Singh
SKU:
अन्यायपूर्ण शासन शेर से भी डरावना होता है। यही बात जब माओ त्से तुंग को पढ़ने को मिली तो उसने उसके मस्तिष्क को झकझोर दिया तभी उसने शक्तिशाली चीन के शासक च्यांग काई शेक का तख्ता पलटने की नीति का निर्धारण कर अत्याचारी शासक का अंत कर दिया। कम्युनिज्मवाद का प्रचलन चीन में माओ ने मार्क्स-लेनिन सिद्धांत को अपनाकर चालू किया और लम्बे समय तक संघर्ष कर चीन से अत्याचारी की सत्ता को उखाड़ दिया। इसके लिए प्रारम्भ में उसे सोवियत संघ से सहयोग मिला फिर बाद में उसे साम्राज्यवादी ताकत जापान से संघर्ष करना पड़ा। अपने सम्पूर्ण जीवन में क्रांति के माध्यम से चीन की आर्थिक दशा में महान परिवर्तन कर एक मिलिट्री लीडर के रूप में विख्यात हुए। उनका कहना था 'सत्ता बंदूक की नाल से निकलती है।' सन् 1930 में माओ त्से तुंग ने कहा था कि हमने ऐसा संविधान बनाया है कि अगर हम में से कोई बाहर जाना चाहेगा, तो बाहर जा सकेगा, तिब्बती तो बाहर जाने की बात नहीं करते थे। वे तो अपना पृथक अस्तित्व रखना चाहते थे, मगर उन्हें इसकी अनुमति नहीं दी गई। उन्होंने यह भी कहा कि हम ऐसे फूल को खिलता हुआ देखना चाहते हैं जिसमें हजारों पंखुड़ियाँ होंगी, हजारों की तो बात अलग रही, तिब्बत की कोमल कली को भी कुचला गया। जो तिब्बत में साम्राज्यवादी बनकर बैठे हैं, उन्हें साम्यवादी कहना गलत होगा।
Couldn't load pickup availability
Share
Product Details
Language
Language
- HIN- Hindi
ISBN
ISBN
9789392690273
Binding
Binding
Hard Cover
Age Group
Age Group
- Adults
No. of pages
No. of pages
200
Book Dimension
Book Dimension
22.5 cm x 15 cm x 1.5 cm
Item Weight
Item Weight
430 grams
