Paryavaran-Aaj Ka Bhartiya Paridrishya
Paryavaran-Aaj Ka Bhartiya Paridrishya
Dr. Rajeshwari Prasad Cha
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आज प्रदूषण के खतरों के प्रति आम आदमी की अनभिज्ञता एवं उदासीनता है और हमारा गंतव्य कभी भी कहीं पर भी जो हो हम समष्टि या समाज की समस्याओं को नजरअंदाज नहीं कर सकते। जगत या लोक के अंतर्गत आने वाला हमारी सामाजिक संस्कृति एवं व्यवस्था एक स्वस्थ जीवन धारण के लिए पर्यावरण जैसे महत्त्वपूर्ण विषय को अनदेखा नहीं कर सकते। इसलिए इस अभिप्राय को ध्यान में रख कर मनुष्य को अधिक जागरूक करने हेतु हिंदी भाषा में लिखकर अधिक जागरूक करने का प्रयास है क्योंकि आज हिंदी भाषा में इस विषय के ऊपर लिखी सार्थक पुस्तकों का नितांत अभाव है, इससे इस आवश्यकता की पूर्ति में भी यह पुस्तक क्षम्य और सहायक है। पुस्तक में केंद्र तथा राज्य प्रशासनों के साथ आम जनता की भागीदारी, पर्यावरण सुधार एवं संवर्धन में कितनी है और क्या होनी चाहिए और नही है तो क्यों नहीं है इसका विवेचन किया गया है। अच्छे पर्यावरण में आस्था रखने वाले समाज के लिए यह पुस्तक बहुत ही उपयोगी है ।
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Product Details
Language
Language
- HIN- Hindi
ISBN
ISBN
9789392734557
Binding
Binding
Hard Cover
Age Group
Age Group
- Adults
